Skilling Women, Building Livelihoods
Soap Making Workshop
Read MoreHoli Mangal Milan Kavita Path — 14, School Lane, Bengali Market, New Delhi
Read Moreवृन्दावन में भगवान की पोशाकों से निर्मित थैले वितरण एवं स्वच्छता संकल्प अभियान
Read Moreबांग्लादेश में हिंदू समाज के एक निर्दोष युवक की भीड़ द्वारा की गई निर्मम हत्या, आगजनी एवं निरंतर अत्याचारों की घटनाओं पर सम्पूर्णा की संस्थापिका डॉ. शोभा विजेन्द्र ने गहरा शोक और आक्रोश व्यक्त करते हुए कड़े शब्दों में निंदा की। उन्होंने इसे मानवता पर कलंक बताते हुए अंतरराष्ट्रीय समुदाय से भी इस गंभीर मानवाधिकार उल्लंघन पर संज्ञान लेने की अपील की। इसी क्रम में सम्पूर्णा, राष्ट्रीय परशुराम परिषद दिल्ली प्रदेश एवं अन्य संस्थाओं द्वारा 23 दिसंबर 2025 को रोहिणी में शांतिपूर्ण रोष-प्रदर्शन व पदयात्रा आयोजित की गई, जिसमें बड़ी संख्या में नागरिकों ने अहिंसक तरीके से विरोध दर्ज कराया। प्रदर्शन के दौरान डी.सी. चौक पर प्रतीकात्मक पुतला-दहन किया गया तथा मानवाधिकार आयोग को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग करने का संकल्प लिया गया।
Read Moreअखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल के सहयोग से सम्पूर्णा द्वारा अर्हम भवन, विजयनगर, बैंगलोर में “जल संरक्षण एवं जल निकायों के पुनर्जीवन” विषय पर एक प्रभावशाली जल संवाद आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ “जल है तो कल है” के उद्घोष के साथ हुआ। मुख्य अतिथि कर्नाटक विधान सभा अध्यक्ष माननीय श्री यू. टी. खादर फ़रीद ने जल निकायों को सांस्कृतिक धरोहर बताते हुए उनके संरक्षण हेतु सरकार और समाज की संयुक्त जिम्मेदारी पर बल दिया तथा महिला शक्ति की भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। डॉ. शोभा विजेन्द्र के संचालन में विशेषज्ञों ने वर्षा जल संचयन, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, पारदर्शी क्रियान्वयन और सामुदायिक भागीदारी जैसे विषयों पर विचार साझा किए। साध्वी श्री संयमलता जी की उपस्थिति ने कार्यक्रम को आध्यात्मिक संदेश भी दिया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन और राष्ट्रगान के साथ “जल है तो कल है” को जनांदोलन बनाने के संकल्प के साथ हुआ।
Read Moreसम्पूर्णा द्वारा अखिल भारतीय तेरापंथ महिला मंडल के सहयोग से बेंगलुरु प्रेस क्लब में “जल संरक्षण एवं जल निकायों के पुनर्जीवन” विषय पर विशेष प्रेस वार्ता का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जल संकट की गंभीरता, बढ़ते शहरीकरण और जल स्रोतों के अतिक्रमण पर चिंता व्यक्त की गई। संस्थापिका डॉ. शोभा विजेंद्र ने जल संरक्षण को प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी बताते हुए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर जोर दिया। प्रेस वार्ता में पर्यावरणविदों, समाजसेवियों एवं मीडिया प्रतिनिधियों ने भाग लेकर जल संरक्षण को राष्ट्रीय आंदोलन बनाने का संकल्प लिया।
Read Moreनई दिल्ली के तिलक मार्ग स्थित AB-9 परिसर में डॉ. शोभा विजेन्द्र जी के नेतृत्व में सम्पूर्णा संस्था द्वारा एक विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस एवं भगवान की पोशाकों से बने हस्तनिर्मित उत्पादों की प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। यह आयोजन संस्था की नई पहल “पुनः अर्पित” के अंतर्गत हुआ, जिसका उद्देश्य भगवान को अर्पित पवित्र वस्त्रों का सम्मानपूर्वक पुनर्चक्रण कर उन्हें पर्यावरण-अनुकूल एवं स्वदेशी उत्पादों में परिवर्तित करना है। इस परियोजना से लाभार्थी महिलाएँ सौभाग्य थैले, पूजा सामग्री, पोटलियाँ, पुस्तक आवरण आदि तैयार कर आत्मनिर्भर बन रही हैं। कार्यक्रम में अनेक प्रतिष्ठित अतिथियों ने इस पहल को आस्था, रोजगार और प्रकृति को जोड़ने वाला प्रेरक सामाजिक आंदोलन बताया।
Read Moreदिल्ली के वसंत विहार स्थित जैव विविधता उद्यान में सम्पूर्णा द्वारा आयोजित बाल एवं महिला संस्कार शिविर के 40वें दिवस के समापन समारोह पर “जल संरक्षण एवं जल निकायों के पुनर्जीवन” विषय पर विशेष चर्चा आयोजित की गई, जिसमें देश के प्रमुख पर्यावरणविदों ने भाग लिया। 32 वर्षों से महिला, बाल सशक्तिकरण एवं पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय सम्पूर्णा का यह शिविर 19 मई 2025 से संचालित हुआ और इस वर्ष इसका 25वाँ संस्करण रहा। कार्यक्रम में बच्चों व महिलाओं को संस्कार, नैतिक शिक्षा, कला-साहित्य एवं जल संरक्षण से जुड़े प्रशिक्षण दिए गए। मुख्य अतिथियों ने जल संकट पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए जल निकायों के पुनर्जीवन, शिक्षा में पर्यावरण को शामिल करने और सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर जोर दिया। समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।
Read Moreसम्पूर्णा 40 दिवसीय "महिला एवं बाल संस्कार शिविर - 2025 उन्तालिसवा दिन,
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